Saturday, July 4, 2009

पॉर्न साईट बैन- ग़लत या एक अच्छी शुरुआत

सविता भाभी एक जाना माना नाम। ये हाल में चर्चा में आया इससे पहले मैं इस नाम से वाकिफ नही था। ये बताने की ज़रूरत नही की ये एक पॉर्न कार्टून कॉमिक चरित्र है।

कभी कभी मीडिया कुछ ऐसी गलतिया कर जाती है की क्या कहा जाए जो साईट अभी तक काफ़ी लोगो ने देखी नही थी पर अब घर में बच्चे भी इस नाम वाकिफ है और सवाल पूछ रहे है कि ये कौन है? ये तो ज़ाहिर है कई लोगों के मन में इस साईट को ओपन करने की इच्छा हो रही होगी। एक tarike से इसे और prasiddhi मिल गई।

कुछ लोग इस साईट को बैन करने पर आपत्ति जता रहे हैं और तर्क दे रहे हैं कि साईट को बंद करने से क्या और भी साईट हैं वो बैन नही हुई तो ये क्यों? ये कौन लोग हैं क्या उनमे इतनी हिम्मत है कि अपने परिवार के साथ आ कर अपने माता पिता के सामने साईट के पक्ष में बात कर सकते हैं। नही कर सकते।

इस बैन पर मेरा ये सोचना है कि चलो ऐसी साइट्स के बैन होने कि शुरुआत तो हुई। क्या आप भी मेरे इस नज़रिए से सहमत हैं?

4 comments:

Arvind Mishra said...

अब पछताए होत क्या जब चिडिया चुग गयी खेत !
अफ़सोस (नहीं ) की मैंने भी नहीं देखा !

हिमांशु । Himanshu said...

हल्का फुल्का सहमत हूँ । कुछ होने वाला नहीं वैसे ।

अविनाश वाचस्पति said...

इससे बहुत कुछ होगा
हिमांशु जी
जो लोग देख नहीं पाए हैं
वे देखने को उतावले होंगे
और सविता भाभी से न सही
किसी और पॉर्न गेट को
खोल ही लेंगे।
यह तो उकसाना हुआ।

Mahesh Sinha said...

किसी भी तरह का प्रचार उस वस्तु को प्रचारित ही करता है . सही शिक्षा नहीं मिलना भ्रम पैदा करता है